3 बजे हैं फिर मैं सो कर उठता हूँ। और मेरे बेटे की पढ़ाई को देख रहा हॅू। आजकल मैं बच्चो को घर पर ही पढ़ाई कराता हूं। बच्चों का स्कूल अभी भी बंद है। इसलिए बच्चों को घर पर ही पढ़ाई जारी रखनी चाहिए। इससे वे अपनी पढ़ाई नहीं भूलते हैं। लेकिन मुझे अपने बेटे को पढ़ना मुश्किल लगता है। क्योंकि वह अपने माता-पिता से कम पढ़ता है। इसलिए मैंने इसका टूशन लगाया। लेकिन इसके शिक्षक बीमार हैं। इसलिए उन्होंने बच्चों को छुटटी कर दी है। तो अब मैं घर पर नोनू की क्लास की तैयारी कर रहा हूं।


